Flexon और Dolo में क्या अंतर है? जानिए किस दवा का कब करें इस्तेमाल, बच्चों को देना चाहिए या नहीं
Flexon vs Dolo in Hindi: जानिए दोनों दवाओं में क्या अंतर है, किस बीमारी में कौन-सी दवा दी जाती है, बच्चों को देनी चाहिए या नहीं, इसके नुकसान, सावधानियां और डॉक्टर क्या सलाह देते हैं।
Updated Jul 10 2026 02:43 PM
Editor: Panthalassa Team | Location: New Delhi, Delhi, India
भारत के ज्यादातर घरों में सर दर्द होने या शरीर टूटने लगे तो लोग बिना ज्यादा सोच मेडिकल स्टोर से Dolo या Flexon खरीदकर खा लेते हैं। लेकिन बहुत कम ही लोगों को पता होता है कि दोनों का इस्तेमाल अलग-अलग जगह पर किया जाता है। ज्यादातर लोग यह समझते हैं कि दोनों दवा एक ही है, जबकि वास्तव में दोनों अलग हैं।
भले ही दोनों दवाओं का इस्तेमाल दर्द और बुखार के लिए किया जाता है। लेकिन इनका काम करने का तरीका और शरीर पर असर अलग-अलग होता है। अगर आप गलती से गलत दवा का चुनाव कर लेते हैं तो आपके पेट, किडनी और लीवर से जुड़ी समस्या पैदा हो सकती है।
तो आइए इसे आसान भाषा में समझते हैं कि Flexon और Dolo में क्या अंतर है। और कैसी स्थिति में कौन सी दवा इस्तेमाल करनी चाहिए। इसे बच्चों को देनी चाहिए या नहीं और इसके क्या नुकसान हो सकते हैं।
सबसे पहले जानिए Dolo क्या है?
जैसा कि हमने पहले आपको बताया कि डोलो दर्द और बुखार में काम आता है, जिसमें मुख्य रूप से Paracetamol होता है। यह दवा शरीर के तापमान को कम करने और हल्के से मध्यम दर्द से राहत दिलाने में मदद करती है।
Dolo का इस्तेमाल कब किया जाता है?
- बुखार होने पर
- वायरल फीवर
- सर्दी-जुकाम के दौरान बुखार
- सिरदर्द
- शरीर दर्द
- हल्का दांत दर्द
- वैक्सीन लगने के बाद होने वाला बुखार
डॉक्टर अक्सर बुखार आने पर सबसे पहले Paracetamol वाली दवा लेने की सलाह देते हैं।
Flexon क्या है?
Flexon एक कॉम्बिनेशन दवा है, जिसमें Paracetamol के साथ Ibuprofen भी होता है। आइबुप्रोफ़ेन दर्द और सूजन, दोनों को कम करने में प्रभावी होता है। यदि दर्द के साथ सूजन भी हो, तो डॉक्टर की सलाह पर Flexon दी जा सकती है।
Flexon का इस्तेमाल किन स्थितियों में किया जाता है?
- दांत का तेज दर्द
- पीरियड्स का दर्द
- मांसपेशियों का दर्द
- कमर दर्द
- मोच या चोट के बाद सूजन
- जोड़ों का दर्द
- सूजन के साथ होने वाला दर्द
क्या दोनों दवाएं एक साथ खाई जा सकती हैं?
कई लोग दर्द और बुखार से जल्दी आराम पाने के लिए Dolo और Flexon दोनों एक साथ खा लेते हैं। लेकिन ऐसा करना खतरनाक हो सकता है क्योंकि दोनों में पैरासिटामोल मौजूद होता है। यदि Paracetamol जरूरत से अधिक मात्रा में शरीर में पहुंच जाए तो लीवर को नुकसान पहुंचा सकता है।
बच्चों को Dolo या Flexon देना चाहिए?
बच्चों को बुखार होने पर डॉक्टर उनके वजन के अनुसार पेरासिटामोल सिरप या ड्रॉप्स देते हैं। इसलिए बच्चों को किसी भी दवा की सही खुराक डॉक्टर की सलाह के अनुसार ही देनी चाहिए।
Flexon खाने से क्या नुकसान हो सकता है?
यदि बिना जरूरत या लंबे समय तक Flexon का सेवन किया जाए तो ये समस्याएं हो सकती हैं—
- पेट दर्द
- एसिडिटी
- गैस
- उल्टी
- पेट में अल्सर
- ब्लीडिंग
- किडनी पर असर
- कुछ लोगों में एलर्जी
खाली पेट Flexon खाना नुकसानदायक हो सकता है।
Dolo खाने से क्या नुकसान हो सकता है?
Dolo को अपेक्षाकृत सुरक्षित दवा माना जाता है, लेकिन इसका मतलब यह नहीं कि इसे बार-बार या ज्यादा मात्रा में लिया जाए। अधिक मात्रा में लेने पर—
- लीवर खराब हो सकता है।
- उल्टी और मितली हो सकती है।
- त्वचा पर एलर्जी हो सकती है।
- गंभीर मामलों में लीवर फेल होने का खतरा भी रहता है।
किन लोगों को विशेष सावधानी बरतनी चाहिए?
इन लोगों को बिना डॉक्टर की सलाह कोई भी दर्द या बुखार की दवा नहीं लेनी चाहिए—
- गर्भवती महिलाएं
- स्तनपान कराने वाली माताएं
- किडनी रोगी
- लीवर के मरीज
- हार्ट के मरीज
- बुजुर्ग
- छोटे बच्चे
क्या मेडिकल स्टोर से खुद खरीदकर दवा खाना सही है?
देश के बड़ी संख्या में लोग डॉक्टर के पास जाने के बजाय अगर उन्हें बुखार या दर्द होता है, तो सीधे मेडिकल स्टोर से दवा खरीदकर खा लेते हैं। शुरुआत में तो इससे आराम मिल सकता है लेकिन ऐसा बार-बार करना खतरनाक हो सकता है। अगर—
- बुखार 2–3 दिन से ज्यादा रहे,
- दर्द लगातार बढ़ता जाए,
- सांस लेने में तकलीफ हो,
- शरीर पर दाने निकल आएं,
- बार-बार उल्टी हो,
ऐसी स्थिति में अपने मन से दवा खाने के बजाय डॉक्टर की सलाह से तुरंत जांच करानी चाहिए, क्योंकि बिना डॉक्टर की सलाह लिए अपने मन से दवा खाने से समस्या बढ़ भी सकती है।
अस्वीकरण: यह लेख केवल सामान्य जानकारी के उद्देश्य से तैयार किया गया है। किसी भी दवा का सेवन डॉक्टर या योग्य स्वास्थ्य विशेषज्ञ की सलाह के अनुसार ही करें। स्वयं दवा लेना (Self-medication) स्वास्थ्य के लिए जोखिमपूर्ण हो सकता है।